ईरान में प्रदर्शनकारियों और सरकार का विरोध करने वाले लोगों को सजा ए मौत देने का सिलसिला जारी है। इस बीच ईरान ने एक ब्रिटिश नागरिक और अपने ही पूर्व उप रक्षा मंत्री अलीरेजा अकबरी को जासूसी का गुनहगार बताकर फांसी दी है।
अलीरेजा अकबरी के पास ईरान और ब्रिटेन की दोहरी नागरिकता थी। जिसके कारण ऋषि सुनक ने अलीरेजा को दी गई फांसी पर रोष जताया है। उन्होंने कहा कि ईरान ने निर्दयी और कायराना हरकत की है। इससे पता चलता है कि ईरान की सत्ता में बैठे नेता अपने ही लोगों के मानवाधिकारों की इज्जत नहीं करते हैं।
बातचीत के बहाने ईरान बुलाकर कैद किया
फांसी की सजा से पहले BBC को अलीरेजा अकबरी का एक ऑडियो मिला था। इस ऑडियो में वो बता रहे हैं कि कुछ साल से वो ब्रिटेन में रह रहे थे। 2019 में उन्हें एक ईरान के डिप्लोमेट ने बातचीत के लिए बुलाया था। जब अलीरेजा वहां पहुंचे तो उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। अलीरेजा ने अपनी मौत से पहले बताया था कि उन्हें 3500 घंटों से इंटेलिजेंस एजेंट टॉर्चर कर रहे थे।