छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल बने रहेंगे या उनकी जगह कोई और CM बनेगा, इसे लेकर सस्पेंस खत्म हो गया। राहुल गांधी के साथ चली 4 घंटे मैराथन बैठक के बाद पीएल पुनिया ने स्पष्ट कर दिया कि बैठक में नेतृत्व परिवर्तन को लेकर कोई बात नहीं हुई। इस बातचीत के बाद CM बघेल सीधे AICC के कार्यालय पहुंचे। यहां पहले से छत्तीसगढ़ से आए कई विधायक और कांग्रेस नेता इकट्ठा थे। यहां CM ने राहुल से हुई मीटिंग की जानकारी दी। बघेल के यहां पहुंचने के बाद नारे लगे और फिर विधायक होटल वापस लौट गए। अभी इन लोगों ने छत्तीसगढ़ वापसी पर कोई बात नहीं की।
उधर, राहुल से मिलने के बाद भूपेश बघेल ने कहा कि राहुल जी से छत्तीसगढ़ के विकास पर बात हुई और उन्हें प्रदेश आने का न्यौता दिया गया उन्होंने इसे स्वीकार कर लिया है और वे संभवतः अगले सप्ताह छत्तीसगढ़ आ सकते हैं। उन्होंने आप CM रहेंगे या नहीं इस सवाल पर पूरे आत्मविश्वास से कहा, ‘मैनें तो उन्हें मुख्यमंत्री के रूप में ही छत्तीसगढ़ आने का न्यौता दिया है।’ ढाई साल के बाद दूसरे को सत्ता सौंपने के सवाल पर उन्होंने फिर कहा कि ऐसी कोई बात नहीं हुई। हमने आलाकमान को सारी जानकारी दे दी है। पीएल पुनिया ने भी फिर एक बार कहा कि नेतृत्व परिवर्तन की कोई बात नहीं है। प्रदेश में चल रही योजनाओं और विकास कार्यों के संंबंध में हमने विस्तृत चर्चा की।
इधर छत्तीसगढ़ से दिल्ली जाने वाले कांग्रेस नेताओं का तांता लगा हुआ है। आज यहां से 7 शहरों के मेयर और 6 जिलाध्यक्ष निकले। यह सिलसिला कल भी जारी रहेगा। राज्य के आधे से ज्यादा कांग्रेस विधायक दिल्ली के छत्तीसगढ़ भवन में रुके हुए हैं। राहुल से मुलाकात से पहले सीएम बघेल ने कहा था- सरकार सुरक्षित है। हमारे साथ 70 विधायक हैं।