नेपीडा: म्यांमार में जुंटा शासन और विद्रोही गुटों के बीच लड़ाई लगातार बढ़ती जा रही है। इस संघर्ष ने कई इलाकों में लोगों के सामने बड़ा संकट पैदा किया है। खासतौर से अल्पसंख्यक रोहिंग्या इसकी चलते बड़ी परेशानी का सामना कर रहे हैं। संयुक्त राष्ट्र ने अपनी एक रिपोर्ट में बताया है कि म्यांमार के राखीन राज्य में बढ़ती हिंसा ने 45,000 रोहिंग्याओं को अपना शहर छोड़ने के लिए मजबूर किया है। लोगों की हत्या, मारपीट और संपत्ति जलाने जैसे मानवाधिकार उल्लंघन के आरोपों के बीच 45 हजार रोहिंग्याओं को घर से भागना पड़ा है।