छत्तीसगढ़ के बस्तर में विश्व आदिवासी दिवस का जश्न मनाया गया। जगदलपुर, दंतेवाड़ा समेत सभी जिलों में समुदाय के लोगों ने तरह-तरह के कार्यक्रमों का आयोजन किया। जिला से लेकर ब्लॉक मुख्यालयों में सभा का आयोजन किया गया। पारंपरिक वेशभूषा धारण कर, तीर-कमान, कुल्हाड़ी, मोहरी समेत अन्य पारंपरिक हथियार पकड़कर हजारों की संख्या में आदिवासी सड़कों पर उतरे। DJ की धुन में युवा थिरकते हुए नजर आए।
इधर, प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल भी संभाग के सातों जिलों में वर्जुअल माध्यम से कार्यक्रम में जुड़े। उन्होंने आदिवासी समुदाय के लोगों को आदिवासी दिवस की शुभकामनाएं दी। साथ ही आदिवासी संस्कृति, आदिवासी विद्रोह पर आधारित विभिन्न पुस्तकों के साथ जनजाति भाषाओं की वर्णमाला, मोर जंगल मोर अधिकार जागरूकता अभियान कैलेंडर का विमोचन किया। दंतेवाड़ा जिला के जिला शिक्षा कार्यालय में स्थापित सामुदायिक रेडियो स्टेशन का शुभारंभ किया गया। जिसमें नागरिकों को स्थानीय लोक संस्कृति, मौसम की जानकारी के साथ शासन की योजनाओं से अवगत कराया जाएगा।