वाशिंगटन। यदि नींद पूरी न हो या बार-बार टूटती रहे तो इसका असर सीधे स्वास्थ्य पर पड़ता है। कई लोगों को सोते समय खर्राटे लेने की समस्या होती है। इससे न केवल उनकी अपनी नींद प्रभावित होती है, बल्कि आसपास सोने वाले लोगों की नींद भी खराब हो जाती है। :आमतौर पर लोग इसे सामान्य समस्या समझकर नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार यह कई स्वास्थ्य समस्याओं का संकेत भी हो सकता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ बताते हैं कि जब सोते समय नाक या गले के रास्ते से हवा का प्रवाह ठीक तरह से नहीं हो पाता, तब खर्राटों की आवाज उत्पन्न होती है। हवा जब संकरे या बाधित मार्ग से गुजरती है तो आसपास के ऊतक आपस में टकराकर कंपन करने लगते हैं, जिससे खर्राटों की आवाज सुनाई देती है। कभी-कभी खर्राटे आना सामान्य माना जाता है, लेकिन अगर यह समस्या लंबे समय तक बनी रहे तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। विशेषज्ञों के अनुसार इसका कारण ऊपरी श्वसन तंत्र में रुकावट होना होता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि समय रहते इस समस्या का समाधान करना जरूरी है, क्योंकि इससे नींद की गुणवत्ता बेहतर होती है और उच्च रक्तचाप तथा टाइप 2 डायबिटिज जैसी बीमारियों का खतरा भी कम किया जा सकता है। इसलिए यदि खर्राटे लगातार आ रहे हों, तो इसे नजरअंदाज करने के बजाय डॉक्टर से सलाह लेना ही बेहतर होता है। रिपोर्ट के अनुसार जब व्य