वॉशिंगटन। अमेरिका और भारत के बीच व्यापारिक संबंधों में टैरिफ (आयात शुल्क) को लेकर खींचतान कम होने का नाम नहीं ले रही है। अमेरिकी सांसद ब्रैड शर्मन ने एक चौंकाने वाला दावा करते हुए कहा है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अभी भी भारत के खिलाफ भारी टैरिफ लगाने के बहाने तलाश रहे हैं। शर्मन के अनुसार, भारत को रूसी तेल की खरीद के नाम पर अलग से निशाना बनाया जा रहा है, जबकि इसी मुद्दे पर अन्य देशों के प्रति नरम रुख अपनाया जा रहा है।
सांसद ब्रैड शर्मन ने ट्रंप सरकार की नीति पर सवाल उठाते हुए कहा कि राष्ट्रपति दावा कर रहे हैं कि रूसी तेल के आयात के कारण भारत पर सख्ती जरूरी है। हालांकि, आंकड़ों के साथ इस तर्क को काटते हुए उन्होंने बताया कि हंगरी जैसा देश अपना 90 प्रतिशत तेल रूस से लेता है और उस पर कोई टैरिफ नहीं है। वहीं, रूस के सबसे बड़े खरीदार चीन पर भी रूसी तेल के कारण कोई अतिरिक्त प्रतिबंध नहीं लगाए गए हैं। शर्मन ने जोर देकर कहा कि भारत अपनी जरूरतों का केवल 21 प्रतिशत कच्चा तेल ही रूस से लेता