नई दिल्ली। इंटरनेट या एआई (AI) की मदद से दवा लेने का खतरा सिर्फ गलत इलाज तक सीमित नहीं है, यह जानलेवा भी साबित हो सकता है। दिल्ली में एक 45 वर्षीय शख्स ने एचआईवी (HIV) संक्रमण से बचने के लिए एआई की सलाह पर दवा शुरू कर दी, लेकिन उसकी यह कोशिश गंभीर स्वास्थ्य संकट में बदल गई।
डॉ. राम मनोहर लोहिया अस्पताल के डॉक्टरों के अनुसार, पीड़ित को ‘स्टीवन्स-जोन्स सिंड्रोम’ हो गया है, एक दुर्लभ लेकिन जानलेवा दवा-रिलेटेड प्रतिक्रिया।
जानकारी के मुताबिक, शख्स ने असुरक्षित यौन संबंध बनाने के बाद एचआईवी संक्रमण का डर महसूस किया। आमतौर पर ऐसे मामलों में, संभावित संक्रमण वाले संपर्क के 72 घंटे के भीतर प्रोफिलैक्टिक दवा शुरू की जाती है और रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद ही रोक दी जाती है।
लेकिन इस व्यक्ति ने डॉक्टर से संपर्क करने की बजाय एआई की सलाह पर 28 दिन तक दवा का पूरा कोर्स ले लिया। सात दिन बाद ही उसे चकत्ते होने लगे, लेकिन दवा लेना जारी रखा। इसके बाद आंखों और शरीर के अन्य हिस्सों में समस्या बढ़ी और वह कई अस्पतालों का चक्कर लगाने के बाद आएमएल अस्पताल में भर्ती हुआ।