सियोल। उत्तर कोरियाई नेता किम जोंग-उन वैश्विक राजनीति में दखल देने की तैयारी कर रहे हैं। किम इस सप्ताह चीन में बहुपक्षीय कूटनीतिक मंच पर कदम रखने वाले हैं। बीजिंग में सैन्य परेड में भाग लेने के लिए उनकी यात्रा रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ संभावित त्रिपक्षीय शिखर सम्मेलन का मंच तैयार कर रही है। 2011 के आखिर में सत्ता संभालने वाले किम के लिए यह पहली बार होगा जब वे किसी बहुपक्षीय राजनयिक कार्यक्रम में शामिल होंगे। उनके दादा और उत्तर कोरिया के संस्थापक किम इल-सुंग 1959 में चीन में एक सैन्य परेड में शामिल हुए थे।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक किम का चीन में द्वितीय विश्व युद्ध के अंत की 80वीं वर्षगांठ के सैन्य परेड में पुतिन और शी के साथ भाग लेंगे। दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति ली जे म्युंग और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वाशिंगटन में अपनी उच्च-स्तरीय शिखर वार्ता में उत्तर कोरिया के साथ कूटनीति फिर से शुरू करने की उत्सुकता व्यक्त करने के कुछ दिनों बाद घोषित किया गया। किम का इस सप्ताह बीजिंग में पुतिन और शी जिनपिंग के साथ सैन्य परेड में शामिल होना इस बात का संकेत है कि किम जोंग उन की दक्षिण कोरिया या अमेरिका के साथ कूटनीति में कोई रुचि नहीं है।
रिपोर्ट के मुताबिक, किम और पुतिन ने सैन्य संबंधों को गहरा किया है। प्योंगयांग ने यूक्रेन के खिलाफ मास्को युद्ध में मदद के लिए अपने सैनिक और हथियार भेजे हैं। उत्तर कोरिया के सरकारी मीडिया के मुताबिक कि