नई दिल्ली: गुरुवार को सांसद राहुल गांधी के एक बयान से जेपीसी यानी ज्वाइंट पार्लियामेंट्री कमेटी फिर एक बार चर्चा में है। राहुल का आरोप है कि मोदी और अमित शाह ने लोगों से शेयर खरीदने को कहा लेकिन, 4 जून को सारे शेयर धड़ाम हो गए। इससे 30 लाख करोड़ का नुकसान हुआ है। राहुल ने इस पूरे मामले पर जेपीसी से जांच कराने की मांग की है। इससे पहले भी मोदी सरकार के रहते जेपीसी की मांग की जा चुकी है। आज हम ज्वाइंट पार्लियामेंट्री कमेटी के बारे में ही आपको बताते हैं। जेपीसी क्या है और कितनी ताकतवर होती है, सबकुछ बताएंगे।