सिंगापुर के बिजनेस-टू-बिजनेस फैशन स्टार्टअप जिलिंगो ने शुक्रवार को को-फाउंडर और CEO अंकिती बोस को वित्तीय अनियमितताओं की शिकायतों की जांच के बाद निकाल दिया।
ऑडिट की फाइंडिंग्स को फर्म ने शेयर नहीं किया है, न ही उन्होंने बोस पर लगाए आरोपों के बारे में विस्तार से बताया है। ये स्टार्टअप कपड़े के बिजनेस से जुड़े लोगों और फैक्ट्रीज को टेक्नोलॉजी प्रोवाइड करता है। इसे बोस ने 2015 में ध्रुव कपूर के साथ मिलकर शुरू किया था।
इस साल की शुरुआत में भारतपे के को-फाउंडर रहें अशनीर ग्रोवर का विवाद भी खूब चर्चा में रहा था। उनपर और उनकी पत्नी पर वित्तीय अनियमितताओं के आरोप लगने के बाद दोनों को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा था।
पिछले 51 दिनों से सस्पेंड थीं अंकिती
अकिती ने ट्विटर पर पोस्ट किए एक लेटर में कहा, ‘मुझे एक गुमनाम व्हिसल ब्लोअर की शिकायत के आधार पर पिछले 51 दिनों (31 मार्च) से सस्पेंड कर दिया गया था और आज मुझे सूचित किया गया है कि मेरे एम्प्लॉयमेंट को अन्य बातों के साथ-साथ इनसबऑर्डिनेशन (ऑर्डर नहीं मानना) के आधार पर खत्म दिया गया है। मुझे इस आधार पर सस्पेंड कर दिया गया था कि कंपनी ने जांचकर्ताओं को शिकायत की जांच करने का निर्देश दिया था। मैंने न तो रिपोर्ट देखी है और न ही उनके मांगे गए किसी भी दस्तावेज को पेश करने के लिए पर्याप्त समय दिया है।’