एलन मस्क और पराग अग्रवाल के बीच छिड़ी जुबानी जंग से 44 बिलियन डॉलर की ट्विटर डील अटक गई है। एलन मस्क ने ट्विटर के सीईओ पराग अग्रवाल से इस बात का सबूत मांग है कि जिसमें पराग ने ये दावा किया था कि स्पैम अकाउंट की संख्या ट्विटर के टोटल यूजर्स के 5% से कम है।
मस्क ने कहा कि जब तक सबूत नहीं मिलता, डील आगे नहीं बढ़ेगी। दरअसल पराग अग्रवाल ने दर्जनभर से ज्यादा ट्वीट किए थे। इसमें वह समझा रहे थे कि ट्विटर कैसे संभावित स्पैम का ‘ह्यूमन रिव्यू’ करता है। इन ट्वीट के रिप्लाई में मस्क ने सिर्फ ‘पाइल ऑफ पू’ इमोजी ट्वीट किया।
ट्विटर से बॉट्स का खात्मा चाहते हैं मस्क
फिर कुछ मिनट बाद मस्क ने उस थ्रेड के जवाब में लिखा कि एडवरटाइजर को कैसे पता चलेगा उन्हें उनके पैसों के बदले क्या मिल रहा है। ये ट्विटर के फाइनेंशियल हेल्थ के लिए फंडामेंटल है। पराग के पूरे थ्रेड के जवाब में मस्क चाहते हैं कि ट्विटर से बॉट्स का खात्मा हो। दरअसल पराग अग्रवाल ने मस्क के स्पैम या बॉट अकाउंट को लेकर किए गए ट्वीट का रिप्लाई दे रहे थे।
मस्क को रास नहीं आ रहा ट्विटर मैनेजमेंट का रुख
मस्क ने हाल के दिनों में ट्विटर में कई बदलावों की बात की है। मस्क चाहते हैं कि कंपनी खरीदने के बाद माइक्रोब्लॉगिंग वेबसाइट में उनके बताए मुताबिक बदलाव हों। फिलहाल तो सौदा खटाई में पड़ गया है क्योंकि स्पैम/बॉट्स को लेकर ट्विटर मैनेजमेंट का रुख एलन को रास आता नहीं दिख रहा।