स्वयंभू संत कालीचरण द्वारा महात्मा गांधी के बारे में अपशब्द बोलने और उनके हत्यारे का जयघोष करने से उठा विवाद तूल पकड़ गया है। मंगलवार को कालीचरण के ताजा बयान के बाद मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने उसे सरेंडर की चेतावनी दी है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा- कालीचरण बहुत साहसी है तो यहां आकर सरेंडर करे, नहीं तो छत्तीसगढ़ पुलिस गिरफ्तार करने जाएगी। उधर, कालीचरण के खिलाफ महाराष्ट्र के अकोला में भी एक मामला दर्ज करा दिया गया है। कांग्रेस नेता की शिकायत पर वहां भी कालीचरण के खिलाफ रायपुर में दर्ज केस की तरह ही धाराएं लगी हैं।
किसान सम्मेलन के लिए बालोद जिले के गोडमर्रा रवाना होने से पहले रायपुर हेलिपैड पर मुख्यमंत्री ने ताजा विवाद पर बात की। मुख्यमंत्री ने कहा, इस मामले में अपराध पंजीबद्ध हो गया है। विवेचना हो रही है। जो भी दोषी होगा कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा, इस कार्यक्रम के आयोजक से भी पुलिस पूछताछ करेगी। कालीचरण को अपने बयान पर दु:ख नहीं है तो यहां आकर सरेंडर करना चाहिए। कार्रवाई का सामना करना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने कहा- छोड़ने का सवाल ही नहीं उठता। उसके खिलाफ FIR दर्ज हो चुकी है। वह बहुत साहसी है तो आकर सरेंडर करे। बाहर-बाहर इस तरह की बयानबाजी की बजाय पुलिस को सरेंडर करें। नहीं तो छत्तीसगढ़ पुलिस गिरफ्तार करने तो जाएगी। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के इस बयान से साफ है कि सरकार इस मामले में नर्मी बरतने को तैयार नहीं है। रायपुर में आयोजित धर्म संसद में महात्मा गांधी को खुलेआम अपशब्द कहने से कांग्रेस का पूरा संगठन और सरकार आक्रोशित है।