यूपी में कुछ महीने बाद होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी सरगर्मियां बढ़ती जा रही हैं। भव्य राम मंदिर निर्माण के बीच इस बार सियासत की धुरी अयोध्या बनती दिख रही है। सभी राजनीतिक पार्टियां राम का आशीर्वाद चाहती हैं। बीजेपी के लिए यह सबसे बड़ा मुद्दा रहा है, ऐसे में 2022 के चुनाव में उसे चुनौती देने के लिए सभी पार्टियां इस मुद्दे की अहमियत समझ रही हैं। आम आदमी पार्टी भी आज अयोध्या से अपने चुनावी कैंपेन का आगाज कर रही है।
AAP ने नारा दिया है- ‘श्रीरामचंद्र जी का लेकर आशीर्वाद, उठाएंगे तिरंगा, सिखाएंगे असली राष्ट्रवाद’। संदेश साफ है आम आदमी पार्टी बीजेपी को उसी के सबसे महत्वपूर्ण राष्ट्रवाद और हिंदुत्व के मुद्दे पर घेरने का प्लान बना चुकी है। यही वजह है कि पार्टी अयोध्या से यूपी के सियासी समर में उतर रही है। कल दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया और AAP नेता संजय सिंह ने संतों का आशीर्वाद लिया और प्रभु राम की आराधना की। हनुमानगढ़ी में मनीष सिसोदिया और संजय सिंह ने हनुमान चालीसा का पाठ भी किया। AAP का सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पिछले 24 घंटे में राम की भक्ति की तस्वीरों से भर गया है।
यूपी में बीजेपी, सपा, बसपा के बाद आम आदमी पार्टी और ओवैसी की AIMIM के उतरने से चुनावी संग्राम काफी दिलचस्प हो चला है। अयोध्या का मुद्दा कितना अहम है, यह इस बात से ही समझा जा सकता है कि मुस्लिमों के हितैषी के रूप में खुद को पेश करने वाले ओवैसी भी पिछले हफ्ते अयोध्या आकर लौट चुके हैं। उन्होंने यहां ‘फैजाबाद बनाम अयोध्या’ कर ध्रुवीकरण की भी कोशिश की थी।