केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि नए नियमों के तहत एयरलाइंस के किराए को सीधे कंट्रोल नहीं किया जाएगा। सूत्रों के मुताबिक, एयरलाइंस मांग और उपलब्ध सीटों के हिसाब से किराया तय कर सकेंगी। हालांकि, प्राकृतिक आपदा या इमरजेंसी जैसे हालात में सरकार के पास किराया तय करने की शक्ति होगी, ताकि यात्रियों को ज्यादा पैसे न देने पड़ें।
नए नियमों के तहत, एयरलाइंस को फ्लाइट के किराए की जानकारी एक महीने पहले नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) को देनी होगी। यह जानकारी अपनी वेबसाइट पर भी दिखानी होगी। DGCA निगरानी करेगा कि कोई भी एयरलाइन तय सीमा से ज्यादा किराया न वसूले।
इससे पहले केंद्र सरकार ने शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट को बताया था कि