स्पेन ने अर्जेंटीना को 1-0 से हराकर फुटबॉल वर्ल्ड कप का दूसरा खिताब जीता। टीम की सबसे बड़ी ताकत उसका दमदार डिफेंस रहा। उसके खिलाफ पूरे टूर्नामेंट में सिर्फ एक गोल हुआ।
टीम ने टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा 5450 पासेज दिए। इनमें से 4930 पासेज कम्प्लीट हुए। उनका एक्यूरेसी पर्सेंटेज 90 पर्सेंट रहा। इस टूर्नामेंट में स्पेन की पूरी टीम एकजुट होकर खेली।
टीम के पास लामिन यमाल जैसा स्टार था। वहीं कप्तान रोड्री ने मिडफील्ड से गेम को कंट्रोल किया। टूर्नामेंट के बेस्ट गोलकीपर रहे उनाई सिमोन के खिलाफ सिर्फ एक गोल हुआ।