महाभारत बनाने वाले बी.आर. चोपड़ा इस शो से पहले एक फिल्म बना रहे थे। नाम था ‘इंसाफ का तराजू’। कोई भी बड़ा एक्टर फिल्म में विलेन रमेश गुप्ता बनने के लिए तैयार नहीं था, जिसे जीनत अमान और पद्मिनी कोल्हापुरे के किरदारों का बलात्कार करते दिखाया जाना था। हर एक्टर को डर था कि यह रोल उसकी इमेज बिगाड़ देगा।