वाशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मियामी में हुए हाई-प्रोफाइल निवेश शिखर सम्मेलन में सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान (एमबीएस) को लेकर चौंकाने वाला बयान दे दिया। ट्रंप ने कहा कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि एमबीएस उनकी इतनी चापलूसी कर सकते हैं, लेकिन अब ऐसा करना पड़ रहा है। इस बयान का मंच भी खास था—सऊदी अरब के सोवरन वेल्थ फंड द्वारा समर्थित फ्यूचर इन्वेस्टमेंट इनिशिएटिव, जिसमें दुनिया भर के निवेशक शामिल थे। ट्रंप की यह टिप्पणी अमेरिका-सऊदी रिश्तों और खाड़ी क्षेत्र में शक्ति संतुलन की असली तस्वीर दिखाती है। इस मौके पर ट्रंप ने एमबीएस के साथ अपने व्यक्तिगत संबंधों और बातचीत का जिक्र किया, जिसमें क्राउन प्रिंस ने ईरान के खिलाफ अमेरिकी कदमों को जारी रखने की सलाह दी। रिपोर्ट के मुताबिक, एमबीएस ने ईरान के ऊर्जा ढांचे को निशाना बनाने जैसे कड़े कदमों का सुझाव दिया। हालांकि, सऊदी अरब ने सार्वजनिक रूप से इस बात से इंकार किया कि वह युद्ध को बढ़ावा दे रहा है और कहा कि वह शांतिपूर्ण समाधान और अपनी सुरक्षा को प्राथमिकता देता है।