भारतीय टीम ने अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले गए टी20 विश्व कप फाइनल में न्यूजीलैंड को हराकर खिताब अपने नाम किया। इस मुकाबले में भारतीय ऑलराउंडर शिवम दुबे ने आखिरी ओवर में शानदार बल्लेबाजी करते हुए टीम का स्कोर 250 के पार पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई। लंबे कद के इस बाएं हाथ के बल्लेबाज ने 20वें ओवर में तीन चौके और दो छक्के जड़कर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया। स्टेडियम में मौजूद हजारों दर्शक ‘दुबे-दुबे’ के नारों से गूंज उठे,
फ्लाइट नहीं मिली तो ट्रेन से निकल पड़े मुंबई
फाइनल के बाद अधिकतर खिलाड़ी और स्टाफ फ्लाइट से अपने-अपने शहरों के लिए रवाना हुए, लेकिन दुबे को मुंबई के लिए कोई फ्लाइट नहीं मिल पाई। ऐसे में उन्होंने ट्रेन से यात्रा करने का फैसला किया। दुबे ने इंडियन एक्सप्रेस से बातचीत में कहा, ‘मुंबई के लिए कोई फ्लाइट उपलब्ध नहीं थी, इसलिए मैंने सुबह जल्दी अहमदाबाद से ट्रेन पकड़ने का फैसला किया। हम सड़क से भी जा सकते थे, लेकिन ट्रेन ज्यादा तेज विकल्प था।’ दुबे अपनी पत्नी अंजुम और एक दोस्त के साथ अहमदाबाद-मुंबई सायाजी एक्सप्रेस की एसी 3-टियर बोगी में सवार हुए।
पहचान छिपाने के लिए अपनाया खास प्लान
दुबे जानते थे कि वर्ल्ड कप जीतने के तुरंत बाद अगर लोग उन्हें पहचान लेते तो स्टेशन या ट्रेन में भारी भीड़ जुट सकती थी। इसलिए उन्होंने पहचान छिपाने के लिए खास योजना बनाई। उन्होंने बताया, ‘मैं, मेरी पत्नी और एक दोस्त ट्रेन से जाने का फैसला किया। एसी 3-टियर की टिकट मिली, तो हमने वही बुक कर ली। परिवार और दोस्तों को चिंता थी कि कहीं स्टेशन या ट्रेन में किसी ने पहचान लिया तो क्या होगा।’ इस दौरान उन्होंने कैप, मास्क और फुल स्लीव टी-शर्ट पहनकर खुद को छिपाने की कोशिश की।
ट्रेन की अपर बर्थ पर छिपे रहे वर्ल्ड कप हीरो