नई दिल्ली: भारतीय वायुसेना के प्रमुख लड़ाकू विमान Su-30MKI के बड़े अपग्रेड प्रोग्राम पर फैसला अब जल्द होने वाला है. HAL सूत्रों के मुताबिक इस योजना को कैबिनेट कमेटी ऑन सिक्योरिटी (CCS) की मंजूरी अगले एक-दो महीनों में मिल सकती है. इसकी तकनीकी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं.
HAL, वायुसेना और DRDO के बीच बातचीत के बाद अपग्रेड से जुड़ी सभी अहम बातें तय कर ली गई हैं. अब सिर्फ कुछ औपचारिक और कागजी प्रक्रियाएं बाकी हैं. इस योजना के तहत 84 Su-30MKI विमानों को आधुनिक बनाया जाएगा. यह प्रोग्राम सुपर सुखोई नाम से जाना जाता है.
प्रोग्राम में उत्तम AESA रडार (करीब 400 किमी रेंज), नया और आधुनिक कॉकपिट डिजाइन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित मल्टी-फंक्शन डिस्प्ले सिस्टम, वॉयस कमांड सिस्टम, नया IRST सिस्टम (BEL), उन्नत सेल्फ प्रोटेक्शन जैमर पॉड, अस्त्र Mk-1 और अस्त्र Mk-2 जैसी आधुनिक मिसाइलों की क्षमता. साथ ही बेहतर डेटा-लिंक और इलेक्ट्रॉनिक वारफेयर सिस्टम शामिल है.